बाबा रामदेव जी की भक्ति में तीन चीज़ें सबसे प्रचलित हैं — नाम-जप, भजन और जम्मा जागरण। नाम-जप के लिए “ॐ श्री रामदेवाय नमः” या सीधे “जय बाबा री” बोलना काफ़ी है। जम्मा पूरी रात चलने वाला भजन-जागरण है, जो मन्नत पूरी होने, बीज या मेले के अवसर पर किया जाता है।
नाम-जप और जयकारे
- ॐ श्री रामदेवाय नमः — सरल नाम-जप, माला पर 108 बार।
- जय बाबा री — सबसे आम जयकारा।
- खम्मा खम्मा — राजस्थानी में बाबा का अभिवादन (“आपकी जय हो”)।
- रुणिचा रा धणी री जय — “रुणिचा के स्वामी की जय”।
नाम-जप के लिए कोई कठिन विधि ज़रूरी नहीं। सुबह स्नान के बाद, बाबा की तस्वीर या पगल्या के सामने दीया जलाकर शांत मन से जप करें। बीज के दिन इसका विशेष महत्व माना जाता है — इस महीने की बीज कब है।
आरती और चालीसा
रोज़ की पूजा में आरती और चालीसा पढ़ी जाती है: बाबा रामदेव जी की आरती · रामदेव चालीसा। रामदेवरा मंदिर में आरती का समय यहाँ देखें।
प्रसिद्ध भजन परंपरा
बाबा के भजन ज़्यादातर मारवाड़ी/राजस्थानी में हैं और पीढ़ियों से गाए जाते हैं। इनमें सबसे पुरानी परंपरा हरजी भाटी की वाणी की है — हरजी भाटी बाबा के परम भक्त थे और उनके रचे भजन आज भी जम्मों में गाए जाते हैं (हरजी भाटी परचा)। भजनों के प्रमुख विषय:
- अवतार के भजन: द्वारकाधीश का अजमल जी को वचन और बाबा का जन्म।
- परचों के भजन: कपड़े का घोड़ा, पंच पीर, बोयता सेठ और लाखा बंजारा की कथाएँ।
- डाली बाई और सुगना बाई के भजन।
- पदयात्रा के भजन: रुणिचा जाते समय रास्ते में गाए जाने वाले भजन।
- “खम्मा खम्मा” वाले भजन — बाबा का स्वागत।
जम्मा जागरण क्या है
“जम्मा” बाबा रामदेव जी का रात भर चलने वाला भजन-जागरण है। परंपरा से यह शाम से शुरू होकर सुबह तक चलता है, और इसमें गाँव-समाज के लोग मिलकर भजन गाते हैं। इसे अक्सर मन्नत पूरी होने पर, घर के शुभ अवसर पर, बीज पर या मेले के दिनों में किया जाता है।
जम्मा कैसे होता है (सामान्य परंपरा)
- साफ़ जगह पर बाबा की तस्वीर या पगल्या रखकर नेजा (ध्वजा) लगाया जाता है।
- अखंड ज्योत जलाई जाती है, जो पूरी रात जलती है।
- गुरु या भजन-मंडली तंदूरा, मंजीरे और ढोलक के साथ भजन शुरू करती है।
- रात भर अवतार, परचों और वाणी के भजन गाए जाते हैं।
- सुबह आरती के बाद प्रसाद (आम तौर पर चूरमा) बाँटा जाता है।
हर क्षेत्र और समाज की जम्मा-विधि में कुछ अंतर होता है — अपने गुरु या बुज़ुर्गों की परंपरा अपनाएँ। प्रसाद और चढ़ावे के बारे में: प्रसाद व चढ़ावा।
घर पर बीज की पूजा
हर महीने की बीज को बहुत से भक्त व्रत रखते हैं, बाबा की ज्योत जलाते हैं और आरती करते हैं। जो रामदेवरा नहीं जा पाते, वे घर पर या पास के रामदेव मंदिर में पूजा करते हैं — रामदेव मंदिर निर्देशिका।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
बाबा रामदेव जी का मंत्र क्या है?
सरल नाम-जप “ॐ श्री रामदेवाय नमः” और जयकारा “जय बाबा री” सबसे प्रचलित हैं।
जम्मा जागरण कब किया जाता है?
मन्नत पूरी होने पर, बीज, भादवा मेले या घर के शुभ अवसर पर, आम तौर पर पूरी रात।
बाबा रामदेव जी के भजन किस भाषा में हैं?
ज़्यादातर मारवाड़ी/राजस्थानी में; हरजी भाटी की वाणी सबसे पुरानी परंपरा मानी जाती है।
पूजा-विधि क्षेत्र के अनुसार अलग होती है; यहाँ सामान्य परंपरा बताई गई है। अंतिम अपडेट: 14 अक्टूबर 2026।
॥ जय बाबा रामदेव जी ॥